रेलटेल को बड़ी राहत: ₹49.24 लाख का GST डिमांड नोटिस अपील में रद्द
जनवरी 2026 में रेलटेल को असिस्टेंट कमिश्नर, सीजीएसटी एंड सीएक्स, इटानगर डिवीजन की ओर से डिमांड नोटिस (डीआरसी-07) मिला था। इसमें कुल ₹49.24 लाख का जुर्माना और मांग तय की गई थी। कंपनी ने इस आदेश के खिलाफ अपील दायर की थी।

नई दिल्ली। रेलटेल कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (RailTel) को वस्तु एवं सेवा कर (GST) मामले में महत्वपूर्ण राहत मिली है। कंपनी ने शेयर बाजारों को सूचित किया है कि उसके खिलाफ जारी ₹49.24 लाख के GST डिमांड नोटिस को अपील में पूरी तरह खारिज कर दिया गया है। अब कंपनी पर कोई बकाया राशि नहीं रह गई है और इस फैसले का उसके वित्तीय या परिचालन पक्ष पर कोई असर नहीं पड़ेगा।
जनवरी 2026 में रेलटेल को असिस्टेंट कमिश्नर, सीजीएसटी एंड सीएक्स, इटानगर डिवीजन की ओर से डिमांड नोटिस (डीआरसी-07) मिला था। इसमें कुल ₹49.24 लाख का जुर्माना और मांग तय की गई थी। कंपनी ने इस आदेश के खिलाफ अपील दायर की थी।
अतिरिक्त आयुक्त अपील, सीजीएसटी एंड सीएक्स, गुवाहाटी ने 10 अगस्त 2026 को जारी आदेश-इन-अपील संख्या 33UGHY(A)/ADC/CGSr/rrA/2026 के जरिए इस डिमांड नोटिस को रद्द कर दिया। कंपनी को यह आदेश 18 सितंबर 2026 को प्राप्त हुआ। अपील अधिकारी ने मूल मांग को निरस्त करते हुए स्पष्ट किया कि अब रेलटेल पर कोई राशि देय नहीं है।
रेलटेल ने स्टॉक एक्सचेंजों को भेजी गई अधिसूचना में कहा है कि मांग आदेश रद्द होने के बाद कंपनी पर कोई वित्तीय, परिचालन या अन्य कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। यह फैसला कंपनी के लिए राहत भरा है क्योंकि इससे संभावित देनदारी का बोझ खत्म हो गया है।
रेलटेल GST अपील का महत्व
रेलटेल भारत सरकार के रेल मंत्रालय के अधीन एक प्रमुख सार्वजनिक क्षेत्र का उपक्रम है जो रेलवे नेटवर्क पर आधारित टेलीकॉम और आईटी सेवाएं प्रदान करता है। ऐसे मामलों में अपील स्तर पर राहत मिलना कंपनियों के लिए न केवल वित्तीय दृष्टि से महत्वपूर्ण होता है बल्कि नियामकीय अनुपालन के मामले में भी सकारात्मक संकेत देता है।
इस फैसले से रेलटेल के शेयरधारकों और निवेशकों को भी राहत मिली है। कंपनी ने स्पष्ट रूप से बताया है कि कोई राशि बकाया नहीं रह गई है और मामला पूरी तरह निपट चुका है।
मुख्य तथ्य एक नजर में
- कंपनी: रेलटेल कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड
- मांग राशि: ₹49.24 लाख
- मूल नोटिस: जनवरी 2026, असिस्टेंट कमिश्नर सीजीएसटी इटानगर
- अपील आदेश: 10 अगस्त 2026, अतिरिक्त आयुक्त अपील गुवाहाटी
- कंपनी को प्राप्त: 18 सितंबर 2026
- प्रभाव: कोई वित्तीय या परिचालन असर नहीं
रेलटेल जैसी सरकारी कंपनियों के लिए GST संबंधी विवादों का समय पर समाधान महत्वपूर्ण होता है। इस मामले में अपील प्राधिकरण का फैसला कंपनी के पक्ष में आने से स्पष्टता बढ़ी है। आगे कंपनी सामान्य कारोबार पर ध्यान केंद्रित कर सकेगी।
(यह खबर रेलटेल द्वारा स्टॉक एक्सचेंजों को दी गई आधिकारिक जानकारी पर आधारित है।)
