Sharda Cropchem Q2 नतीजे: कंपनी ने 30 अक्टूबर, 2026 को BSE में दाखिल निवेशक प्रस्तुति में बताया कि सितंबर में समाप्त तिमाही का समेकित राजस्व 13% बढ़कर ₹1,052 करोड़ रहा। वित्त वर्ष 2026-27 की दूसरी तिमाही में EBITDA भी 18% बढ़ा। प्रस्तुति सितंबर में समाप्त तिमाही और छमाही के वित्तीय परिणामों के संबंध में दाखिल की गई है।

तिमाही का सकल लाभ सालाना आधार पर 18% बढ़कर ₹378 करोड़ और EBITDA ₹164 करोड़ रहा। EBITDA मार्जिन 70 आधार अंक सुधरकर 15.6% पर पहुंचा। विदेशी मुद्रा लाभ को छोड़कर कर-पूर्व लाभ यानी PBT 17% बढ़कर ₹108 करोड़ रहा। यह आंकड़ा विदेशी मुद्रा लाभ सहित कुल PBT से अलग है।

कंपनी ने प्रस्तुति SEBI के लिस्टिंग नियमों के तहत शेयर बाजारों को भेजी। इसमें वित्तीय प्रदर्शन के साथ कारोबार के विभिन्न खंडों, क्षेत्रीय बिक्री और पंजीकरण आधारित व्यवसाय मॉडल का विवरण दिया गया है।

गैर-कृषि रसायन कारोबार की आय 68% बढ़ी

कृषि रसायन कंपनी का मुख्य कारोबार बना रहा, जबकि गैर-कृषि रसायन खंड ने तिमाही में अधिक तेज राजस्व वृद्धि दर्ज की। दोनों खंडों का प्रदर्शन इस प्रकार रहा:

  • कृषि रसायन खंड का राजस्व सालाना आधार पर 5% बढ़कर ₹840 करोड़ रहा।
  • गैर-कृषि रसायन खंड का राजस्व 68% बढ़कर ₹212 करोड़ पहुंचा।

कृषि रसायन कारोबार में क्षेत्रीय प्रदर्शन अलग-अलग रहा। यूरोप का राजस्व 7% घटकर ₹429 करोड़ रहा, जबकि NAFTA का राजस्व 6% बढ़कर ₹227 करोड़ पहुंचा। लैटिन अमेरिका में राजस्व 81% बढ़कर ₹128 करोड़ रहा। शेष विश्व से इस खंड की आय ₹55 करोड़ रही, जिसमें सालाना बदलाव नहीं हुआ।

गैर-कृषि रसायन कारोबार में NAFTA का राजस्व 94% बढ़कर ₹152 करोड़ रहा। इस खंड में रबर और कन्वेयर बेल्ट, डाई तथा डाई इंटरमीडिएट्स और औद्योगिक रसायन शामिल हैं।

पंजीकरण और वितरण नेटवर्क पर निवेश

प्रस्तुति के अनुसार, पहली छमाही में कंपनी का पूंजीगत व्यय ₹419 करोड़ रहा। उसके पास 3,044 पंजीकरण हैं और कारोबार 80 से अधिक देशों में फैला है। वितरण नेटवर्क में 525 से अधिक वितरक और 500 से अधिक बिक्री पेशेवर शामिल हैं।

कंपनी सक्रिय अवयवों के निर्माण, फॉर्मुलेशन और पैकेजिंग के लिए साझेदारों पर निर्भर करती है, जबकि पंजीकरण और ग्राहक संबंध अपने नियंत्रण में रखती है। आगे की प्राथमिकताओं में बिक्री टीम मजबूत करना, मौजूदा बाजारों में वितरण बढ़ाना, चुनिंदा नए बाजारों में प्रवेश और उत्पाद पंजीकरण में लगातार निवेश शामिल हैं। कंपनी ने लागत सुधार तथा अनुशासित कार्यशील पूंजी प्रबंधन पर भी ध्यान देने की बात कही है।