Ajanta Pharma Q2 नतीजे: कंपनी ने 30 अक्टूबर 2026 की BSE फाइलिंग में बताया कि सितंबर में समाप्त दूसरी तिमाही में उसका समेकित शुद्ध मुनाफा 49% बढ़कर ₹388 करोड़ रहा। पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में मुनाफा ₹260 करोड़ था। परिचालन राजस्व ₹1,354 करोड़ से बढ़कर ₹1,794 करोड़ पहुंचा, जो 33% की वृद्धि है।

विदेशी मुद्रा नुकसान को छोड़कर समायोजित EBITDA 47% बढ़कर ₹543 करोड़ रहा और इसका मार्जिन 30% रहा। कंपनी ने तिमाही का शुद्ध लाभ मार्जिन 22% बताया। बोर्ड ने तिमाही और छमाही के अनऑडिटेड वित्तीय परिणामों को मंजूरी दी।

समेकित मापदंड Q2 FY2027 Q2 FY2026 सालाना बदलाव
परिचालन राजस्व ₹1,794 करोड़ ₹1,354 करोड़ 33% वृद्धि
कुल आय ₹1,831.55 करोड़ ₹1,413.07 करोड़ 29.6% वृद्धि
शुद्ध मुनाफा ₹388 करोड़ ₹260 करोड़ 49% वृद्धि
बेसिक EPS ₹31.07 ₹20.83 49.2% वृद्धि

राजस्व और मुनाफे के आंकड़े तथा उनकी वृद्धि दर कंपनी की परिणाम विज्ञप्ति के अनुसार पूर्णांक में हैं। कुल आय और EPS की वृद्धि स्पष्ट तुलनात्मक आंकड़ों से गणना की गई है।

अमेरिका और अफ्रीका की बिक्री बढ़ी

दूसरी तिमाही में अमेरिकी जेनेरिक कारोबार की बिक्री 41% बढ़कर ₹484 करोड़ रही। अफ्रीका में ब्रांडेड जेनेरिक बिक्री भी 41% बढ़कर ₹312 करोड़ पहुंची। भारत में ब्रांडेड जेनेरिक बिक्री 16% बढ़कर ₹504 करोड़ और एशिया में 18% बढ़कर ₹366 करोड़ रही। अफ्रीका के संस्थागत कारोबार की बिक्री 259% बढ़कर ₹116 करोड़ रही।

पहली छमाही में समेकित परिचालन राजस्व 29% बढ़कर ₹3,420 करोड़ और शुद्ध मुनाफा 40% बढ़कर ₹722 करोड़ रहा। विदेशी मुद्रा नुकसान को छोड़कर समायोजित EBITDA 34% बढ़कर ₹997 करोड़ रहा।

अलग से, स्टैंडअलोन तिमाही शुद्ध मुनाफा ₹379.89 करोड़ रहा, जबकि पिछले साल यह ₹249.53 करोड़ था। स्टैंडअलोन परिचालन राजस्व ₹1,220.24 करोड़ से बढ़कर ₹1,725.07 करोड़, कुल आय ₹1,295.27 करोड़ से ₹1,777.69 करोड़ और कर-पूर्व लाभ ₹321.97 करोड़ से ₹522.62 करोड़ हुआ। बेसिक EPS ₹19.98 से बढ़कर ₹30.40 रहा।

उत्पाद मंजूरियां और ऑडिटर की समीक्षा

पहली छमाही में कंपनी को चार ANDA मंजूरियां मिलीं और उसने तीन उत्पाद लॉन्च किए। कुल 52 ANDA का व्यावसायीकरण हो चुका था। तिमाही में अनुसंधान एवं विकास खर्च ₹63 करोड़ से बढ़कर ₹72 करोड़ रहा, जो राजस्व का 4% था।

B S R & Co. LLP ने समेकित परिणामों पर सीमित समीक्षा में बिना संशोधन वाला निष्कर्ष दिया। रिपोर्ट में तीन सहायक कंपनियों की वित्तीय जानकारी की समीक्षा नहीं होने का उल्लेख है। इनका समायोजन-पूर्व तिमाही राजस्व ₹92.40 करोड़ और शुद्ध मुनाफा ₹8.94 करोड़ था। प्रबंधन ने इन्हें समूह के लिए भौतिक रूप से महत्वपूर्ण नहीं बताया; इस मामले से ऑडिटर का निष्कर्ष नहीं बदला। सीमित समीक्षा पूर्ण ऑडिट नहीं है।