Embassy Developments प्री-सेल्स Q2 FY27 में 272% बढ़कर करीब ₹3,225 करोड़
Embassy Developments की तिमाही प्री-सेल्स करीब ₹3,225 करोड़ रही। पहली छमाही में सालाना बिक्री लक्ष्य का 51% पूरा हुआ और तीन परियोजनाएं लॉन्च की गईं।

Embassy Developments प्री-सेल्स जुलाई-सितंबर 2026 की तिमाही में करीब ₹3,225 करोड़ रही, जो पिछली तिमाही से लगभग 272% अधिक है। कंपनी ने 8 अक्टूबर 2026 को BSE में दाखिल परिचालन विवरण में यह जानकारी दी। Q1 FY27 में प्री-सेल्स करीब ₹868 करोड़ थी।
सितंबर में समाप्त FY27 की पहली छमाही में कंपनी की प्री-सेल्स लगभग ₹4,093 करोड़ पहुंची। पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में यह ₹607 करोड़ थी। इस आधार पर छमाही प्री-सेल्स में करीब 574% वृद्धि दर्ज हुई। कंपनी ने ₹8,000 करोड़ के सालाना प्री-सेल्स लक्ष्य का लगभग 51% पूरा किया है।
फाइलिंग में दिए गए ये आंकड़े प्री-सेल्स और अन्य परिचालन गतिविधियों से संबंधित हैं। कंपनी ने इन्हें अस्थायी बताया है और कहा है कि इनकी सीमित समीक्षा होनी बाकी है।
तीन परियोजनाओं का GDV ₹7,500 करोड़
कंपनी ने दूसरी तिमाही में ₹7,500 करोड़ के सकल विकास मूल्य (GDV) वाली तीन परियोजनाएं लॉन्च कीं। यह FY27 के लिए नई परियोजनाओं की लॉन्च संबंधी गाइडेंस का लगभग 39% है। परियोजनावार बिक्री का विवरण इस प्रकार रहा:
- Bengaluru की Embassy Origins Riverine का GDV ₹2,500 करोड़ है। लॉन्च के दो सप्ताह के भीतर करीब ₹933 करोड़ की बिक्री हुई।
- Bengaluru की Embassy Origins South Reserve का GDV ₹1,950 करोड़ है। लॉन्च के दो सप्ताह में लगभग ₹880 करोड़ की बिक्री दर्ज हुई।
- Mumbai के Juhu में Embassy Terraza का GDV ₹3,050 करोड़ है। लॉन्च पर करीब ₹758 करोड़ की बिक्री हुई। इसमें लगभग ₹711 करोड़ का एक आवासीय सौदा शामिल है, जिसे कंपनी ने भारत में अब तक का सबसे बड़ा एकल आवासीय इकाई का सौदा बताया है।
कलेक्शन ₹546 करोड़, शुद्ध संस्थागत मूलधन बकाया ₹3,732 करोड़
दूसरी तिमाही में कलेक्शन लगभग ₹546 करोड़ रहा, जो पिछली तिमाही के ₹496 करोड़ से करीब 10% अधिक है। पहली छमाही का कलेक्शन लगभग ₹1,041 करोड़ रहा, जबकि H1 FY26 में यह ₹681 करोड़ था। कंपनी के अनुसार, छमाही आधार पर इसमें करीब 53% वृद्धि हुई।
इस तरह ₹3,000 करोड़ के सालाना कलेक्शन लक्ष्य का लगभग 35% पूरा हुआ है। 30 सितंबर 2026 तक करीब ₹1,258 करोड़ की नकदी और नकदी समकक्षों को समायोजित करने के बाद कंपनी का शुद्ध संस्थागत मूलधन बकाया लगभग ₹3,732 करोड़ था।
