नई दिल्ली : महिला सम्मान बचत प्रमाणपत्र योजना की घोषणा वर्ष 2023-24 के केंद्रीय बजट के दौरान वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण ने की थी और यह योजना लड़कियों सहित महिलाओं के वित्तीय समावेशन और सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
 
दो वर्ष की कार्यकाल में महिला सम्मान बचत प्रमाणपत्र योजना 7.5 प्रतिशत की आकर्षक ब्याज दर की पेशकश करती है जो तिमाही चक्रवृद्धि के साथ आसान निवेश और दो लाख रुपये की अधिकतम सीमा के साथ आंशिक निकासी का विकल्प प्रदान करती है। 
 
01 अप्रैल 2023 से देश के सभी 1.59 लाख डाकघरों में एमएसएससी खाता खोलना शुरू कर दिया जाएगा और यह योजना 31 मार्च 2025 तक दो वर्ष की अवधि के लिए वैध है।
श्रीमती स्मृति इरानी ने भी एमएसएससी खाता खोला
 
केंद्रीय महिला एवं बाल विकास और अल्पसंख्यक कार्य मंत्री श्रीमती स्मृति इरानी ने भी नई दिल्ली के संसद मार्ग में स्थित प्रधान डाकघर जाकर महिला सम्मान बचत प्रमाणपत्र (एमएसएससी) खाता खोला। श्रीमती इरानी डाकघर में एक आम ग्राहक के रूप में काउंटर पर गईं और खाता खोलने की औपचारिकताएं पूरी कीं। मंत्री महोदया का महिला सम्मान बचत प्रमाणपत्र खाता खोला गया और काउंटर पर ही कंप्यूटर जनित पासबुक उन्हें सौंप दी गई।
श्रीमती स्मृति इरानी ने इस अवसर पर डाकघर के कर्मचारियों और महिला सम्मान बचत प्रमाणपत्र और सुकन्या समृद्धि योजना के कुछ खाताधारकों से भी बातचीत की।  
 
प्रधानमंत्री ने की सराहना
 
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने इस प्रयास की सराहना ट्वीट के माध्यम से की जिसमें उन्होंने कहा , " निश्चित रूप से यह योजना लाखों लोगों को डाकघर में महिला सम्मान बचत प्रमाणपत्र और सुकन्या समृद्धि खाता खोलने के लिए प्रेरित करेगा।"