श्री दिलीप सिंह पुनिया को आईएफसीआई लिमिटेड का अतिरिक्त एवं स्वतंत्र निदेशक नियुक्त किया गया
आईएफसीआई लिमिटेड भारत की प्रमुख वित्तीय संस्थाओं में से एक है, जो बुनियादी ढांचा वित्तपोषण, कॉर्पोरेट ऋण और विकास वित्त के क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। ऐसे महत्वपूर्ण संस्थान के बोर्ड में अनुभवी शिक्षाविद् और प्रशासक की नियुक्ति को सकारात्मक कदम माना जा रहा है।

नई दिल्ली। भारत सरकार के वित्त मंत्रालय के वित्तीय सेवा विभाग (DFS) के पत्र दिनांक 10 सितंबर 2026 के अनुसरण में श्री दिलीप सिंह पुनिया को आईएफसीआई लिमिटेड (IFCI Limited) के बोर्ड में अतिरिक्त एवं स्वतंत्र निदेशक के रूप में नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति 11 सितंबर 2026 से प्रभावी है और तीन वर्ष की अवधि के लिए या आगे के आदेश तक, जो भी पहले हो, वैध रहेगी।
आईएफसीआई लिमिटेड भारत की प्रमुख वित्तीय संस्थाओं में से एक है, जो बुनियादी ढांचा वित्तपोषण, कॉर्पोरेट ऋण और विकास वित्त के क्षेत्र में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। ऐसे महत्वपूर्ण संस्थान के बोर्ड में अनुभवी शिक्षाविद् और प्रशासक की नियुक्ति को सकारात्मक कदम माना जा रहा है।
श्री दिलीप सिंह पुनिया का शैक्षणिक एवं प्रशासनिक अनुभव
श्री दिलीप सिंह पुनिया ने राजस्थान विश्वविद्यालय, जयपुर से एम.फिल., एम.कॉम. (एबीएसटी) और बी.कॉम. (ऑनर्स) की डिग्री प्राप्त की है। वे एक प्रतिष्ठित शिक्षाविद्, शिक्षा प्रशासक, समाजसेवी और सामाजिक नेता हैं। उच्च शिक्षा और सार्वजनिक सेवा के क्षेत्र में उनका अनुभव 38 वर्षों से अधिक का है।
1984 से वे राजस्थान के विभिन्न सरकारी कॉलेजों में शैक्षणिक पदों पर कार्यरत रहे हैं। इनमें गवर्नमेंट कॉलेज सरदारशहर और गवर्नमेंट लोहिया कॉलेज, चूरू शामिल हैं। उन्होंने शिक्षा प्रशासन, पाठ्यक्रम नियोजन, नीति क्रियान्वयन, छात्र प्रेरणा, संस्थागत विकास और शैक्षणिक नेतृत्व जैसे क्षेत्रों में विशेषज्ञता हासिल की है।
गवर्नमेंट लोहिया कॉलेज, चूरू के प्राचार्य और कॉलेज शिक्षा विभाग, चूरू के जिला नोडल अधिकारी के रूप में उन्होंने जिले के 18 सरकारी कॉलेजों के कामकाज का पर्यवेक्षण एवं समन्वय किया। उनके नेतृत्व में संस्थागत सुधार, छात्र हितैषी नीतियां और प्रशासनिक दक्षता पर विशेष ध्यान दिया गया।
नियुक्ति का महत्व
आईएफसीआई लिमिटेड के बोर्ड में स्वतंत्र निदेशक की यह नियुक्ति शासन, पारदर्शिता और विविध अनुभव को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण है। शिक्षा क्षेत्र के लंबे अनुभव वाले व्यक्ति का वित्तीय संस्थान के बोर्ड में आना विभिन्न क्षेत्रों के बीच ज्ञान और दृष्टिकोण के आदान-प्रदान को बढ़ावा देगा।
श्री पुनिया की नियुक्ति सरकारी आदेश के अनुसार की गई है और यह तीन वर्षों के लिए या अगले आदेश तक प्रभावी रहेगी।
आईएफसीआई लिमिटेड के बारे में संक्षिप्त जानकारी
आईएफसीआई लिमिटेड (पूर्व में इंडस्ट्रियल फाइनेंस कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया) भारत सरकार के स्वामित्व वाली प्रमुख विकास वित्त संस्था है। यह बुनियादी ढांचा परियोजनाओं, औद्योगिक वित्त और विभिन्न क्षेत्रों को ऋण सुविधाएं उपलब्ध कराती है। कंपनी का मुख्यालय नई दिल्ली में स्थित है और यह भारतीय रिजर्व बैंक तथा अन्य नियामकों के दिशानिर्देशों के तहत कार्य करती है।
यह नियुक्ति आईएफसीआई के बोर्ड की संरचना को और मजबूत करेगी तथा संस्था के निर्णय लेने की प्रक्रिया में नए दृष्टिकोण का योगदान देगी।
(लेख में दी गई जानकारी आधिकारिक घोषणा पर आधारित है। नवीनतम अपडेट के लिए आईएफसीआई लिमिटेड की आधिकारिक वेबसाइट या सरकारी अधिसूचना देखें।)
