UCO Bank Q2 नतीजे: EPS ₹0.63 पर, सकल NPA घटकर 1.96%
UCO Bank के सितंबर तिमाही नतीजों में EPS ₹0.63 और सकल NPA 1.96% रहा। बैंक ने पूंजी पर्याप्तता, प्रावधान और पहली छमाही के कर खर्च का विवरण भी जारी किया है।

UCO Bank Q2 नतीजे: बैंक की 15 अक्टूबर 2026 की BSE फाइलिंग के अनुसार, 30 सितंबर 2026 को समाप्त तिमाही में प्रति शेयर आय यानी EPS ₹0.63 रही, जबकि पिछले वर्ष की समान तिमाही में यह ₹0.49 थी। वहीं, सकल गैर-निष्पादित परिसंपत्ति यानी NPA अनुपात घटकर 1.96% रह गया, जो सालभर पहले 2.56% था। ये बैंक के अपने वित्तीय परिणाम हैं; यहां समेकित आंकड़ों का उपयोग नहीं किया गया है।
गैर-वार्षिकीकृत मूल और डाइल्यूटेड EPS में सालाना आधार पर 28.57% वृद्धि हुई। शुद्ध NPA अनुपात भी पिछले वर्ष के 0.43% से घटकर 0.18% रहा। बैंक का प्रावधान कवरेज अनुपात 30 सितंबर 2026 को 98.36% था, जबकि एक वर्ष पहले यह 96.99% था।
सितंबर तिमाही की तुलना
| मापदंड | सितंबर 2026 तिमाही | सितंबर 2025 तिमाही | सालाना बदलाव |
|---|---|---|---|
| मूल और डाइल्यूटेड EPS, गैर-वार्षिकीकृत | ₹0.63 | ₹0.49 | 28.57% वृद्धि |
| सकल NPA अनुपात | 1.96% | 2.56% | 0.60 प्रतिशत अंक कमी |
| शुद्ध NPA अनुपात | 0.18% | 0.43% | 0.25 प्रतिशत अंक कमी |
| Basel III पूंजी पर्याप्तता अनुपात | 18.85% | 17.89% | 0.96 प्रतिशत अंक वृद्धि |
बैंक का Common Equity Tier-I अनुपात 17.06% रहा, जबकि पिछले वर्ष की समान अवधि में यह 15.61% था। सरकारी हिस्सेदारी 90.95% पर रही। उपलब्ध पाठ में कुल आय, कर-पूर्व लाभ और शुद्ध लाभ की कुछ प्रविष्टियों में OCR संबंधी असंगतियां हैं। इसलिए इन राशियों और उनसे निकलने वाली वृद्धि दरों को यहां शामिल नहीं किया गया है। परिचालन राजस्व का अलग, स्पष्ट आंकड़ा भी उपलब्ध नहीं है।
बैंक ने बताया कि 30 सितंबर को अपेक्षित ऋण हानि यानी ECL के लिए भविष्य की हानि संबंधी प्रावधान ₹1,607.59 करोड़ था। जून 2026 के अंत में यह ₹1,032.59 करोड़ था। इसके अतिरिक्त ₹341 करोड़ का आकस्मिक प्रावधान और ₹530 करोड़ का कोविड-संबंधी आकस्मिक प्रावधान बना रहा।
कर खर्च और परिणामों की समीक्षा
बैंक ने वित्त वर्ष 2026-27 से धारा 115BAA के तहत कम कर दर वाली व्यवस्था अपनाई। इससे जून तिमाही में ₹1,237.13 करोड़ का एकमुश्त खर्च दर्ज हुआ था। सितंबर में समाप्त छमाही के कर खर्च में नई व्यवस्था की दरें लागू हैं। बैंक ने Investment Fluctuation Reserve से ₹552.24 करोड़ सामान्य आरक्षित निधि में स्थानांतरित करने की भी जानकारी दी।
बोर्ड ने 15 अक्टूबर को अनऑडिटेड, समीक्षित परिणाम मंजूर किए। पर्याप्त स्वतंत्र निदेशक नहीं होने से ऑडिट समिति का गठन नहीं हो सका; बैंक ने संबंधित योजना के खंड 14A के तहत परिणाम सीधे बोर्ड के सामने रखे। वैधानिक केंद्रीय लेखापरीक्षकों ने सीमित समीक्षा की, जिसमें बैंक की कम-से-कम 80% आय, परिसंपत्तियां और लाभ शामिल थे। फाइलिंग में Unmodified Opinion की घोषणा संलग्न करने का उल्लेख भी है।
