Mishra Dhatu Nigam: MIDHANI Q1 FY27 नतीजे: टर्नओवर 40.46% बढ़ा, ऑर्डर बुक ₹2,329 करोड़
MIDHANI ने Q1 FY27 में ₹239.49 करोड़ टर्नओवर और ₹16.31 करोड़ PAT दर्ज किया। ऑर्डर बुक ₹2,329 करोड़ रही, जबकि लागत ने मार्जिन दबाया।

Mishra Dhatu Nigam Limited (MIDHANI) ने 22 अगस्त 2026 को BSE में दाखिल सूचना के जरिए 17 अगस्त को हुई विश्लेषक एवं निवेशक कॉन्फ्रेंस कॉल का ट्रांसक्रिप्ट जारी किया। MIDHANI Q1 FY27 नतीजों पर हुई इस कॉल में प्रबंधन ने आय, मुनाफे, ऑर्डर बुक, लागत दबाव और परिचालन योजनाओं की जानकारी दी।
कंपनी का पहली तिमाही का टर्नओवर सालाना आधार पर 40.46% बढ़कर ₹239.49 करोड़ रहा। उत्पादन मूल्य 7.9% बढ़कर ₹260.36 करोड़ पहुंचा। कर-पूर्व लाभ 25.89% बढ़कर ₹23.92 करोड़ और कर-पश्चात लाभ 27.42% बढ़कर ₹16.31 करोड़ रहा। EBITDA 12.89% की वृद्धि के साथ ₹46.6 करोड़ दर्ज किया गया।
| वित्तीय संकेतक | Q1 FY27 | सालाना वृद्धि |
|---|---|---|
| टर्नओवर | ₹239.49 करोड़ | 40.46% |
| उत्पादन मूल्य | ₹260.36 करोड़ | 7.9% |
| PBT | ₹23.92 करोड़ | 25.89% |
| PAT | ₹16.31 करोड़ | 27.42% |
| EBITDA | ₹46.6 करोड़ | 12.89% |
ऑर्डर बुक और मार्जिन पर प्रबंधन का रुख
1 जुलाई 2026 को कंपनी की ऑर्डर बुक ₹2,329 करोड़ थी। कॉल के दौरान प्रबंधन ने इसे करीब ₹2,300 करोड़ बताया, जिसमें रक्षा क्षेत्र की हिस्सेदारी 66%, अंतरिक्ष क्षेत्र की 21%, ऊर्जा की 9% और अन्य क्षेत्रों की 4% थी। टाइटेनियम से जुड़े ऑर्डर करीब ₹600 करोड़ बताए गए।
पहली तिमाही में कच्चे माल की कीमतों से करीब ₹13 करोड़ का प्रतिकूल मूल्य प्रभाव पड़ा। nickel, molybdenum और tungsten की लागत बढ़ी, जबकि LPG की कीमत लगभग दोगुनी होने से भी लाभ मार्जिन प्रभावित हुआ। कंपनी के reheating furnaces LPG से चलते हैं। प्रबंधन ने दूसरी तिमाही में कुछ दबाव बने रहने और तीसरी तिमाही से स्थिति सामान्य होने की उम्मीद जताई। उसने Q1 जैसी 40% वार्षिक वृद्धि दर को पूरे वर्ष के लिए व्यावहारिक नहीं माना, लेकिन FY27 का प्रदर्शन पिछले वित्त वर्ष से बेहतर रहने की अपेक्षा रखी।
कंपनी ने metal bank के तहत एक ग्राहक के लिए कच्चे माल की खरीद उन्नत चरण में होने की जानकारी दी। इसका उद्देश्य आपूर्ति में देरी और असामान्य कीमतों से जुड़े जोखिम को संभालना है।
सर्टिफिकेशन, नई परियोजनाएं और CapEx
MIDHANI को 13 अगस्त को General Electric USA से S400 certification मिला। इससे कंपनी mechanical, chemical और metallography श्रेणियों में नमूनों की जांच कर प्रमाणपत्र जारी कर सकती है। प्रबंधन के अनुसार घरेलू और विदेशी ग्राहक यह सुविधा ले सकेंगे तथा GE के साथ राजस्व साझा करने की आवश्यकता नहीं होगी।
- कंपनी ने fighter aircraft कार्यक्रम के लिए nickel-based super alloy की 6,000-ton press पर isothermal forging पूरी की और चार super alloy तथा तीन titanium alloy grades के ऑर्डर मिलने की बात कही।
- 7000-series aluminium alloy का पहला commercial rolling order पूरा किया गया।
- DRDO और IIT Delhi से मिली ABHED bulletproof jacket तकनीक के तहत तैयार जैकेट परीक्षण में हैं।
- BEML से spring plant के लिए sample order मिला है।
- NAS410 qualification पूरी हो चुकी है; Nadcap, ISO 27001 और ISO 50001 प्रमाणन की प्रक्रिया जारी है।
प्रबंधन ने अगले दो से तीन वर्षों के लिए करीब ₹1,000 करोड़ के प्रस्तावित CapEx पर चर्चा की, लेकिन बताया कि औपचारिक मूल्यांकन और अनुमोदन प्रक्रिया जारी है। FY27 में सामान्य CapEx करीब ₹50-60 करोड़ रहने का अनुमान है, जिसका अधिकांश हिस्सा maintenance से जुड़ा होगा।
Source: BSE corporate announcement.
