यूएन मानवाधिकार प्रमुख ने क्यूबा को हिरासत में लिए गए प्रदर्शनकारी तथा पत्रकारों को रिहा करने का दिया आव्हान।
<p> <span font-size:="">संयुक्त </span><span [removed]="" 14.4px;"="">राष्ट्र की उच्चायुक्त मानवाधिकार प्रमुख मिशेल बाचेलेट ने क्यूबा से सभी प्रदर्शनकारियों को रिहा करने के लिए कहा। </p>

शुक्रवार को जारी एक बयान में संयुक्त राष्ट्र की उच्चायुक्त मानवाधिकार प्रमुख मिशेल बाचेलेट ने क्यूबा से उन सभी को रिहा करने के लिए कहा जो बुनियादी सामानों की कमी, नागरिकों की स्वतंत्रता पर अंकुश लगाने तथा सरकार द्वारा COVID-19 को संभालने के रवैये और अशांति के बीच पहली बार सड़को पर प्रदर्शन करने उतरे थे।
उन्होने सुरक्षा कर्मियों द्वारा अत्यधिक बल के उपयोग की निंदा की।
बाचेलेट ने हवाना में विरोध के दौरान एक व्यक्ति की मौत पर खेद जताया और कहा कि एक स्वतंत्र और पारदर्शी जांच होनी चाहिए और जिम्मेदार लोगों को जवाबदेह ठहराया जाना चाहिए।
इस विषय पर क्यूबा के नेताओं ने कहा कि वित्त पोषित - संयुक्त राज्य अमेरिका द्वारा अशांति को बढ़ावा दिया गया है।
बुधवार को पहली बार क्यूबा के राष्ट्रपति मिगुएल डियाज़-कैनेल ने यह स्वीकार किया कि सरकार की कमियों ने भी इसमें भूमिका निभाई है तथा इन सभी समस्याओं का एक महत्वपूर्ण विश्लेषण करके कार्यवाही करने की आवश्यकता है और सरकार को यह संज्ञान में रखना होगा कि दोबारा ये गलतियां न हो।
क्यूबा में रविवार को बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन शुरू होने के बाद से एक व्यक्ति की मौत हो गई है और कम से कम 100 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
