Muthoot Capital Services: Muthoot Capital नतीजे: सितंबर तिमाही का मुनाफा 55.72% बढ़कर ₹4.40 करोड़
Muthoot Capital का सितंबर तिमाही मुनाफा सालाना 55.72% बढ़ा, लेकिन जून तिमाही से घटा। आय में वृद्धि के बीच प्रावधान और तिमाही आधार पर बढ़े NPA भी रहे अहम।

Muthoot Capital नतीजे: Muthoot Capital Services Ltd ने 5 नवंबर 2026 की BSE फाइलिंग में बताया कि सितंबर 2026 को समाप्त तिमाही में उसका शुद्ध लाभ 55.72% बढ़कर ₹440.25 लाख, यानी करीब ₹4.40 करोड़ रहा। पिछले साल की समान तिमाही में यह ₹282.72 लाख था। यहां दिए गए आंकड़े कंपनी के अपने वित्तीय परिणामों के हैं, समेकित समूह परिणामों के नहीं।
परिचालन राजस्व सालाना 14.33% बढ़कर ₹17,539.28 लाख और कुल आय 15.23% बढ़कर ₹17,892.19 लाख रही। कर-पूर्व लाभ 58.05% बढ़कर ₹587.21 लाख पहुंचा। हालांकि, जून 2026 तिमाही के ₹812.21 लाख के मुकाबले शुद्ध लाभ घटा। प्रति शेयर आय भी तिमाही आधार पर ₹4.94 से घटकर ₹2.68 रही।
| मापदंड | सितंबर 2026 तिमाही | सितंबर 2025 तिमाही | सालाना बदलाव |
|---|---|---|---|
| परिचालन राजस्व (₹ लाख) | 17,539.28 | 15,340.51 | 14.33% वृद्धि |
| कुल आय (₹ लाख) | 17,892.19 | 15,527.82 | 15.23% वृद्धि |
| कर-पूर्व लाभ (₹ लाख) | 587.21 | 371.53 | 58.05% वृद्धि |
| शुद्ध लाभ (₹ लाख) | 440.25 | 282.72 | 55.72% वृद्धि |
| बेसिक और डायल्यूटेड EPS (₹) | 2.68 | 1.72 | 55.81% वृद्धि |
आय में लोन हस्तांतरण का योगदान
तिमाही में ₹15,590.47 लाख के Direct Assignment लेनदेन से कंपनी ने सर्विसर एसेट मान्यता के तहत ₹1,782.80 लाख का लाभ दर्ज किया। इसके विरुद्ध ₹61.47 लाख का अपेक्षित ऋण हानि प्रावधान भी किया गया। पिछले साल की समान तिमाही में वित्तीय साधनों की मान्यता समाप्त करने से ऐसी आय नहीं थी। ब्याज आय ₹14,688.25 लाख से बढ़कर ₹14,981.57 लाख रही।
कुल खर्च ₹15,156.29 लाख से बढ़कर ₹17,304.98 लाख हुआ। वित्तीय साधनों पर इम्पेयरमेंट खर्च ₹1,655.97 लाख से बढ़कर ₹2,144.15 लाख रहा; जून तिमाही में यह ₹795.01 लाख था। सितंबर में समाप्त छमाही का शुद्ध लाभ ₹1,252.46 लाख रहा, जबकि पिछले साल की समान अवधि में ₹184.27 लाख का घाटा था।
संपत्ति गुणवत्ता और सीमित समीक्षा
सकल NPA अनुपात सालाना 6.46% से घटकर 4.81% हुआ, लेकिन जून तिमाही के 3.94% से बढ़ा। शुद्ध NPA अनुपात 2.85% रहा, जो सालभर पहले 3.07% और जून में 2.36% था। कंपनी ने ₹2,517 लाख का अतिरिक्त प्रबंधन प्रावधान और ECL मॉडल की आगामी समीक्षा के लिए ₹250 लाख का अतिरिक्त बफर बताया।
तिमाही में गबन और जालसाजी से संबंधित चार धोखाधड़ी घटनाओं की कुल राशि ₹86.06 लाख रही, जिसके लिए पूरा प्रावधान किया गया। सुरक्षित डिबेंचरों का सुरक्षा कवर 1.23 गुना बताया गया।
बोर्ड ने 5 नवंबर को परिणाम मंजूर किए। वैधानिक ऑडिटर Sundaram & Srinivasan ने बिना संशोधन वाली सीमित समीक्षा रिपोर्ट दी। यह पूर्ण ऑडिट नहीं है और ऑडिट राय व्यक्त नहीं की गई है।
