Jyoti Structures को गुजरात में Power Grid से ₹648.91 करोड़ का HVDC लाइन ऑर्डर
Jyoti Structures को गुजरात में ₹648.91 करोड़ का ऑर्डर मिला है। इसी परियोजना में Power Grid से मिले तीन ठेकों का कुल मूल्य ₹1,598.26 करोड़ है, जिसमें GST शामिल

Jyoti Structures ने 28 अक्टूबर 2026 को BSE को दी गई सूचना में बताया कि उसे Power Grid Corporation of India Limited से गुजरात में HVDC ट्रांसमिशन लाइन का ₹648.91 करोड़ का ऑर्डर मिला है। GST रहित इस ठेके के लिए कंपनी को अधिसूचना यानी Notification of Award (NOA) प्राप्त हुई है।
यह ऑर्डर ±800 kV HVDC Bipole Barmer-II और South Kalamb ट्रांसमिशन लाइन्स परियोजना के पैकेज TL05 का है। इसके तहत कंपनी पूर्ण टर्नकी आधार पर ट्रांसमिशन लाइनों की आपूर्ति, निर्माण, परीक्षण और कमीशनिंग करेगी। परियोजना पूरी करने की अवधि NOA की तारीख से 38 महीने है।
तीन Power Grid ठेकों का मूल्य ₹1,598.26 करोड़
नया ऑर्डर उसी ट्रांसमिशन परियोजना के तहत पहले मिले दो ठेकों के बाद आया है। कंपनी ने संबंधित ऑर्डरों का विवरण इस तरह दिया है:
- 26 अक्टूबर 2026 को राजस्थान में पैकेज TL01 और TL02 के लिए Power Grid से कुल ₹949.35 करोड़ के दो ऑर्डर मिले थे।
- गुजरात के पैकेज TL05 को जोड़कर तीनों ऑर्डरों का कुल मूल्य ₹1,598.26 करोड़, GST छोड़कर हो गया है।
- हाल के अन्य ऑर्डरों में Gujarat Energy Transmission Corporation Limited (GETCO) से गुजरात की 765 kV DC Pachchham–Saykha ट्रांसमिशन लाइन के लिए ₹689.93 करोड़ का ठेका शामिल है।
कंपनी श्रीलंका में Hayleys Fentons Limited के साथ 220 kV डबल-सर्किट ट्रांसमिशन लाइन परियोजना भी क्रियान्वित कर रही है। यह लाइन पवन ऊर्जा को वहां के राष्ट्रीय ग्रिड तक पहुंचाने में सहायता करेगी।
विनिर्माण और टावर परीक्षण क्षमताएं
Jyoti Structures के COO Amit Dutta ने कहा कि ±800 kV HVDC लाइनों की इंजीनियरिंग और क्रियान्वयन में जटिल तकनीकी जरूरतें तथा विभिन्न चरणों के बीच समन्वय आवश्यक होता है। उनके अनुसार, कंपनी डिजाइन, इंजीनियरिंग, विनिर्माण, प्रोटोटाइप टावर परीक्षण और साइट पर निर्माण को एकीकृत तरीके से संभालती है।
1974 में स्थापित कंपनी के पास पावर ट्रांसमिशन EPC क्षेत्र में पांच दशक से अधिक का अनुभव है। उसने भारत और विदेशी बाजारों में 37,600 से अधिक सर्किट किलोमीटर ट्रांसमिशन लाइनें बनाई हैं और 1,800 से अधिक हाई-वोल्टेज सबस्टेशन बे की आपूर्ति की है।
नाशिक के पास घोटी स्थित उसकी प्रोटोटाइप टावर परीक्षण सुविधा में 1,200 kV तक परीक्षण की क्षमता है। नाशिक में कंपनी की दो विनिर्माण इकाइयों की कुल गैल्वनाइजेशन क्षमता लगभग 72,000 मीट्रिक टन है।
