HCL Infosystems नतीजे: कंपनी ने 5 नवंबर 2026 को BSE को दी गई जानकारी में बताया कि सितंबर 2026 को समाप्त दूसरी तिमाही में उसका कर-पूर्व घाटा 1,494 लाख रुपये रहा। पिछली तिमाही में यह 1,668 लाख रुपये था। कंपनी का तिमाही राजस्व 418 लाख रुपये से घटकर 413 लाख रुपये रहा।

HCL Infosystems Ltd के निदेशक मंडल ने 5 नवंबर की बैठक में 30 सितंबर 2026 को समाप्त तिमाही के अनऑडिटेड एकल और समेकित वित्तीय परिणामों को मंजूरी दी। कंपनी ने इन परिणामों से जुड़ी विज्ञप्ति BSE और National Stock Exchange को भेजी है।

वित्तीय मद सितंबर 2026 तिमाही पिछली तिमाही
राजस्व 413 लाख रुपये 418 लाख रुपये
कर-पूर्व घाटा 1,494 लाख रुपये 1,668 लाख रुपये

GST प्रावधान घटने से घाटे में कमी

कंपनी के मुताबिक, कर-पूर्व घाटा कम होने की मुख्य वजह उपयोग नहीं हो सके GST इनपुट टैक्स क्रेडिट के लिए पिछली तिमाही की तुलना में 144 लाख रुपये कम प्रावधान करना रही। चालू तिमाही में इस मद में 98 लाख रुपये का प्रावधान किया गया।

तिमाही के घाटे में Non-Convertible Debentures पर 662 लाख रुपये का गैर-नकद ब्याज खर्च भी शामिल है, जिसे लाभ-हानि खाते में दर्ज किया गया। इसी अवधि में कानूनी, पेशेवर और परामर्श सेवाओं पर खर्च 526 लाख रुपये रहा।

कंपनी के मैनेजर Gaurav Bhalla ने कहा कि प्रबंधन ने भविष्य के परिचालन घाटे को कम करने वाली पहलों पर ध्यान जारी रखा। साथ ही, ग्राहकों से लंबे समय से लंबित बकाये की वसूली के लिए कानूनी कार्यवाही भी जारी रही।

बकाया वसूली और शेष परियोजनाओं पर काम जारी

HCL Infosystems ने बताया कि वह पुराने बकाये की वसूली के लिए कई ग्राहकों के खिलाफ मध्यस्थता कार्यवाही आगे बढ़ा रही है। कंपनी शेष परियोजनाओं के क्रियान्वयन, नियामकीय अनुपालन, प्रभावी आंतरिक वित्तीय नियंत्रण बनाए रखने और जारी मुकदमों के प्रबंधन में भी जुटी है। उसके अनुसार, इन गतिविधियों का खर्च कुल लागत का बड़ा हिस्सा बना हुआ है।

विज्ञप्ति के अनुसार, श्रम एवं रोजगार मंत्रालय ने Code on Social Security, 2020 के तहत Employees' Provident Fund कवरेज की वैधानिक वेतन सीमा 17 सितंबर 2026 से 15,000 रुपये मासिक से बढ़ाकर 25,000 रुपये मासिक की है। कंपनी ने कहा कि उसने जहां लागू है, संशोधित वैधानिक व्यवस्था का पालन किया है।