Ritco Logistics AGM की कार्यवाही जमा करने में देरी पर कंपनी ने 18 अक्टूबर, 2026 की BSE फाइलिंग में स्पष्टीकरण दिया है। कंपनी ने कहा कि संशोधित प्रकटीकरण समयसीमा समझने में अनजाने में हुई चूक के कारण देरी हुई। उसने स्टॉक एक्सचेंजों से मामले में नरमी बरतने और दंडात्मक या अन्य प्रतिकूल कार्रवाई किए बिना देरी माफ करने का अनुरोध किया है।

यह स्पष्टीकरण एक्सचेंज के उस पत्र के जवाब में दिया गया है, जिसमें 25वीं वार्षिक आम बैठक की कार्यवाही देर से जमा करने का मुद्दा उठाया गया था। कंपनी ने अपने पत्र में बैठक खत्म होने और कार्यवाही जमा करने का समय भी बताया है।

कंपनी की 25वीं AGM 30 सितंबर, 2026 को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग और अन्य ऑडियो-विजुअल माध्यमों से हुई थी। बैठक दोपहर 3:00 बजे शुरू होकर 3:21 बजे समाप्त हुई। इसकी कार्यवाही अगले दिन, यानी 1 अक्टूबर, 2026 को दोपहर 1:25 बजे स्टॉक एक्सचेंजों को भेजी गई। सभी समय भारतीय मानक समय के अनुसार हैं।

पुरानी समयसीमा के आधार पर हुई चूक

Ritco Logistics के अनुसार, उसने पहले लागू 24 घंटे की समयसीमा के आधार पर यह समझा कि AGM की कार्यवाही उस अवधि के भीतर जमा की जा सकती है। कंपनी अनजाने में इसी पुराने प्रावधान का पालन करती रही।

फाइलिंग में कंपनी ने बताया कि SEBI LODR Regulations, 2015 के Regulation 30(6) और 30 जनवरी, 2026 के SEBI सर्कुलर के तहत AGM की कार्यवाही के खुलासे की समयसीमा बैठक समाप्त होने से 12 घंटे कर दी गई थी। इस संशोधित समयसीमा के मुकाबले उसका प्रकटीकरण देर से हुआ।

कंपनी का कहना है कि देरी जानबूझकर नहीं की गई और उसका उद्देश्य एक्सचेंजों या शेयरधारकों से किसी महत्वपूर्ण सूचना को रोकना अथवा टालना नहीं था। उसने इस चूक पर खेद जताया है।

निगरानी प्रक्रिया मजबूत करने की बात

कंपनी ने कहा कि वह आंतरिक अनुपालन निगरानी और समीक्षा प्रक्रियाओं को मजबूत करने के लिए कदम उठा रही है, ताकि संशोधित समयसीमाओं की पहचान और उनका पालन सुनिश्चित हो सके।

एक्सचेंजों के अनुरोध के अनुसार, स्पष्टीकरण के साथ 25वीं AGM की कार्यवाही दोबारा जमा की जा रही है। पत्र पर कंपनी सचिव एवं अनुपालन अधिकारी Gitika Arora ने हस्ताक्षर किए हैं। कंपनी का NSE प्रतीक RITCO और BSE स्क्रिप कोड 542383 है।