IndusInd Bank stock broking subsidiary स्थापित करने के प्रस्ताव को Reserve Bank of India (RBI) की मंजूरी मिल गई है। बैंक ने 7 अगस्त 2026 को BSE में दाखिल Regulation 30 disclosure के जरिए शेयर बाजारों को इसकी जानकारी दी। RBI ने इसी तारीख के अपने पत्र में बैंक को stock broking कारोबार के लिए पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी बनाने की अनुमति दी है।

मंजूरी के दायरे में प्रस्तावित stock broking subsidiary में equity capital डालना भी शामिल है। हालांकि, यह अनुमति RBI के पत्र में निर्धारित अतिरिक्त शर्तों के अधीन रहेगी। बैंक की ओर से उन अतिरिक्त शर्तों का विस्तृत ब्योरा सार्वजनिक filing में नहीं दिया गया है।

यह disclosure BSE पर Scrip Code 532187 और National Stock Exchange of India पर Symbol INDUSINDBK से सूचीबद्ध बैंक से संबंधित है। सूचना Luxembourg Stock Exchange को भी भेजी गई है।

RBI की मंजूरी में क्या शामिल है?

IndusInd Bank की exchange filing के अनुसार, नियामकीय अनुमति दो स्पष्ट पहलुओं को कवर करती है। पहला, बैंक stock broking business संचालित करने के लिए एक wholly owned subsidiary स्थापित कर सकता है। दूसरा, बैंक को प्रस्तावित सहायक कंपनी में equity capital लगाने की भी मंजूरी दी गई है।

  • सहायक कंपनी का स्वामित्व पूरी तरह IndusInd Bank के पास रहेगा।
  • नई इकाई stock broking कारोबार करेगी।
  • बैंक इसमें equity capital डाल सकेगा।
  • कार्यान्वयन RBI के पत्र में उल्लिखित अतिरिक्त शर्तों के अधीन होगा।

फिलहाल filing में subsidiary के नाम, प्रस्तावित पूंजी की राशि, कारोबार शुरू होने की समयसीमा या परिचालन योजना का उल्लेख नहीं है। इसलिए निवेशकों के लिए आगे की जानकारी बैंक द्वारा जारी होने वाले disclosures पर निर्भर करेगी। बैंक ने कहा कि यह सूचना उसकी आधिकारिक वेबसाइट पर भी उपलब्ध कराई जा रही है।

निवेशकों के लिए क्या है अहम?

यह मंजूरी IndusInd Bank को नियामकीय शर्तों के तहत stock broking क्षेत्र के लिए अलग पूर्ण स्वामित्व वाली इकाई स्थापित करने की अनुमति देती है। हालांकि, मौजूदा disclosure केवल RBI की मंजूरी और equity infusion की अनुमति की पुष्टि करता है; इसमें निवेश की राशि या संभावित वित्तीय प्रभाव नहीं बताया गया है।

कंपनी के Company Secretary Anand Kumar Das ने यह सूचना BSE, NSE और Luxembourg Stock Exchange को भेजी। बाजार की नजर अब subsidiary की स्थापना, पूंजी निवेश और परिचालन से जुड़ी अगली आधिकारिक जानकारी पर रहेगी।