हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन (HPCL) में आपका स्वागत है

हमारे बारे में:
देश में एवं देश से बाहर भी अपने ऊर्जा समाधानों से हम बेशुमार आवश्यकताओं की पूर्ति कर रहे हैं। . बेशुमार आवश्कताओं के लिए हमारे पास बेशुमार समाधान हैं तथा इन समाधानों की पहुंच आप तक स्थापित करने का दम भी हम रखते है। आपके लिए हमारी नवीन प्रौद्योगिकी आवश्यकताओं की पूर्ति करने में सक्षम है। आपकी रसोई में जलने वाले स्टोव तक प्रत्येक पल स्वच्छ एवं सुरक्षित गैस की आपूर्ति करना हम अपना फ़र्ज समझते हैं।
आप तक हमारी सेवाएं हमारे रिटेल आउटलेट्स के विशेष निर्मित वाहन एवं ग्राहक सेवा के माध्यम से राउंड द क्लॉक उपलब्ध हैं। आपके स्वप्नों के लिए नई उड़ान भरने की आवश्यक प्रेरणा का संचार हम करते हैं। आपके भोजन से लेकर आपके वस्त्रों तक, आपको सुशोभित करने वाली सुगंधों से लेकर आपके मनोरंजन के साधनों तक और जीवन के प्रत्येक पहलू में हिन्दुस्तान पेट्रोलियम की उपस्थिति का अहसास आपको अवश्य मिलेगा। अपनी क्रियाओं के निर्वाह के लिए हम प्रकृति के साथ साथ चलते हैं और सुरक्षा, संधारणीय विकास एवं सामुदायिक सहयोग के माध्यम से हम दिन हो या रात खुशियां बिखेरने के मंत्र में पूर्ण विश्वास रखते हैं!
हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (HPCL) एक भारतीय राज्य-स्वामित्व वाली तेल और प्राकृतिक गैस कंपनी है, जिसका मुख्यालय मुंबई, महाराष्ट्र में स्थित है। भारत में सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनियों (PSUs) में इसका लगभग 25% बाजार हिस्सेदारी है और इसका एक मजबूत विपणन ढांचा है।
ऑयल एंड नैचुरल गैस कॉर्पोरेशन (ONGC) के पास HPCL में 51.11% हिस्सेदारी है और शेष हिस्सेदारी वित्तीय संस्थानों, जनता और अन्य निवेशकों के बीच वितरित है। कंपनी 2016 के अनुसार फॉर्च्यून ग्लोबल 500 सूची में दुनिया की सबसे बड़ी कंपनियों में 367वें स्थान पर है।
HPCL की स्थापना 1974 में Esso (Acquisition of Undertakings in India) Act 1974 के तहत पूर्ववर्ती एस्सो स्टैंडर्ड और ल्यूब इंडिया लिमिटेड के अधिग्रहण और विलय के बाद की गई थी। कैलटेक्स ऑयल रिफाइनिंग (इंडिया) लिमिटेड (CORIL) को 1976 में भारत सरकार द्वारा अधिग्रहित किया गया और 1978 में CORIL-HPCL विलय आदेश, 1978 द्वारा HPCL के साथ मिला दिया गया। कोसान गैस कंपनी को 1979 में कोसानगस कंपनी अधिग्रहण अधिनियम, 1979 के तहत HPCL में मिला दिया गया।
2003 में, जनहित याचिका केंद्र (CPIL) द्वारा दायर एक याचिका के बाद, भारत के सर्वोच्च न्यायालय ने केंद्र सरकार को हिंदुस्तान पेट्रोलियम और भारत पेट्रोलियम के निजीकरण से संसद की मंजूरी के बिना रोक दिया। CPIL की ओर से अधिवक्ता राजिंदर सचर और प्रशांत भूषण ने तर्क दिया कि कंपनियों में विनिवेश का एकमात्र तरीका यह होगा कि 1970 के दशक में जिस अधिनियम के तहत उनका राष्ट्रीयकरण हुआ था, उसे निरस्त या संशोधित किया जाए। परिणामस्वरूप, किसी भी निजीकरण को आगे बढ़ाने के लिए सरकार को संसद के दोनों सदनों में बहुमत की आवश्यकता होगी।
निदेशक मंडल:
हिन्दुस्तान पैट्रोलियम में हमें कार्यक्षम नेतृत्व प्राप्त है जिनकी प्रक्रियाओं से हम एक ऐसी धरोहर का निर्माण करने में सफल हो पाएं हैं जिससे हमें स्वयं पर विश्वास करने और अपने लक्ष्यों की प्राप्ति करने की प्रेरणा प्राप्त होती है। सतत विकास एवं उत्कृष्टता के प्रति श्रेष्ठतर निष्पादन देने के लिए निदेशक मंडल का मार्गदर्शन हमें सदैव प्राप्त होता है। समर्थ नेतृत्व के अध्याधीन हिन्दुस्तान पैट्रोलियम पूर्ण निष्ठा एवं दृढ़ प्रतिबद्धता के साथ अपनी संकल्पनाओं को साकार रूप देने की दिशा में कार्यरत है......
अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक (अतिरिक्त प्रभार) एवं निदेशक (वित्त): श्री रजनीश नारंग
श्री राजनीश नारंग ने 1 सितंबर 2024 से हिंदुस्तान पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (HPCL), जो एक महारत्न तेल कंपनी है, के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक (C&MD) का अतिरिक्त प्रभार संभाला है। इस भूमिका के साथ ही वह निदेशक (वित्त) के रूप में अपनी सेवाएं जारी रख रहे हैं, जो पद उन्होंने 22 मार्च 2022 से संभाला है। मई 2022 से अप्रैल 2023 तक उन्होंने निदेशक (मानव संसाधन) का अतिरिक्त प्रभार भी संभाला।
