New Delhi- नॉर्दर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (एनसीएल) ने चालू वित्त वर्ष 2022-23 के अप्रैल से लेकर अगस्त महीने  तक दिये गए लक्ष्यों से भी बढ़कर शानदार प्रदर्शन किया है और कोयला उत्पादन में 22.7 प्रतिशत और कोयला प्रेषण (डिस्पैच) में 18.9 प्रतिशत की भारी बढ़ोतरी दर्ज की है। चालू वित्त वर्ष 2022-23 के अगस्त माह तक कंपनी ने मानसून के बावजूद 53.83 मिलियन टन कोयला उत्पादन किया है, जो पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि में एनसीएल द्वारा किए गए 43.87 मिलियन टन कोयला उत्पादन से 22.7 प्रतिशत अधिक है।
 
कोयला उत्पादन की तरह कोयला प्रेषण में भी कंपनी, वित्त वर्ष 2022-23 में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रही है। एनसीएल ने अप्रैल 2022 से अगस्त 2022 तक अपने कोयला ग्राहकों को 56.63 मिलियन टन कोयला प्रेषित किया है जो पिछले वित्त वर्ष की समान अवधि के मुक़ाबले 18.9 प्रतिशत अधिक है। गत वित्त वर्ष  2021-22 में 31 अगस्त तक एनसीएल ने अपने ग्राहकों को 47.61 मिलियन टन कोयला प्रेषण किया था। कोयला प्रेषण हेतु हरित माध्यमों का प्रयोग करते हुए एनसीएल ने चालू वित्त वर्ष में औसतन  प्रतिदिन 96 रेल रैक (एमजीआर व भारतीय रेल) के माध्यम से प्रेषित किए हैं। 
 
बिजली घरों को भरपूर एवं निर्बाध कोयला आपूर्ति 
 
एनसीएल देश की ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने में अहम भागीदारी निभाती है और अपना अधिकतम कोयला बिजली घरों को प्रेषित करती है । एनसीएल ने चालू वित्त वर्ष 2022-23 में अगस्त माह तक बिजली घरों को निर्धारित लक्ष्य से अधिक 51.57 मिलियन टन कोयला प्रेषित किया है जो कंपनी के कुल कोयला प्रेषण का 91% से अधिक है।   
 
अधिभार हटाव में भी उत्कृष्ट प्रदर्शन
 
एनसीएल शत प्रतिशत उत्पादन खुली खदानों से करती है जिनमें अधिभार हटाना दीर्घकालिक कोयला उत्पादन प्रक्रिया का एक अभिन्न हिस्सा है। इस श्रेणी में भी बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए कंपनी ने 31 प्रतिशत की वार्षिक वृद्धि के साथ 173.06  मिलियन क्यूबिक मीटर अधिभार हटाया है।
 
चालू वित्त वर्ष में एनसीएल को 410 मिलियन क्यूबिक मीटर अधिभार हटाने का लक्ष्य दिया गया है। इतनी बड़ी मात्रा में अधिभार हटाने एवं कोयला उत्पादन करने के चलते एनसीएल देश की सबसे बड़ी खनन कंपनियों में शुमार है।