NEW DELHI- केंद्रीय शिक्षा और कौशल विकास मंत्री श्री धर्मेंद्र प्रधान ने आज भारतीय उच्च शिक्षा आयोग (एचईसीआई) के गठन के लिए और कदम उठाने पर व्यापक विचार-विमर्श किया।
 
बैठक के दौरान श्री प्रधान ने कहा कि एचईसीआई को रोजगार, रोजगार सृजन और वैश्विक दृष्टिकोण सुनिश्चित करना चाहिए। उन्होंने कहा कि इसे वैश्विक शैक्षणिक मानकों को सुनिश्चित करना चाहिए और उच्च शिक्षा संस्थानों को अधिक अकादमिक स्वायत्तता प्रदान करनी चाहिए। 
 
उन्होंने आगे कहा कि एनईपी-2020 की यह महत्वपूर्ण सिफारिश देश की शिक्षा प्रणाली के उपनिवेशीकरण की दिशा में कई कदमों में से एक होगी।
 
यह प्रस्तावित किया गया था कि एचईसीआई देश के सभी उच्च शिक्षा संस्थानों के मार्गदर्शन के लिए एक व्यापक स्त्रोत हो सकता है।