बीईएल ने पीएम केयर्स फंड में 2.26 करोड़ रुपये का दिया योगदान
<div> <big>नवरत्न रक्षा पीएसयू भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (बीईएल) ने कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सीएसआर) के तहत प्रधानमंत्री नागरिक सहायता और आपात स्थितियों में राहत (पीएम केयर्स) कोष में 2.26 करोड़ रुपये राशि का योगदान दिया है।</big></div> <div> </div>

NEW DELHI- नवरत्न रक्षा पीएसयू भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (बीईएल) ने कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सीएसआर) के तहत प्रधानमंत्री नागरिक सहायता और आपात स्थितियों में राहत (पीएम केयर्स) कोष में 2.26 करोड़ रुपये राशि का योगदान दिया है।
बीईएल ने पिछले दो वर्षों में सीएसआर फंड से पीएम केयर्स फंड में 15.45 करोड़ रुपये काCOVID-19 महामारी से उत्पन्न चुनौतियों से निपटने के लिए सरकार के ठोस प्रयासों के समर्थन में योगदान दिया है।
बीईएल के कर्मचारियों ने पहले अपने एक दिन के वेतन का योगदान पीएम केयर्स फंड में 2.71 करोड़ दिया था।
भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (बीईएल) की स्थापना भारतीय रक्षा सेवाओं की विशिष्टीकृत इलेक्ट्रॉनिक आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए 1954 में रक्षा मंत्रालय के अधीन भारत सरकार द्वारा बेंगलूर, भारत में स्थापित की गई थी।
वर्षों के दौरान, यह भारत और विदेश में विविध क्षेत्रों में ग्राहकों की ज़रूरतों को पूरा करते हुए बहु-उत्पाद, बहु-प्रौद्योगिकी, बहु-यूनिट वाली कंपनी के रूप में विकसित हुई है। बीईएल उन चुने हुए सरकारी क्षेत्र के उपक्रमों में है जिन्हें भारत सरकार द्वारा नवरत्न का दर्जा प्रदान किया गया है।
वर्षों के दौरान हुआ बी ई एल का विकास और विविधीकरण इलेक्ट्रॉनिक्स प्रौद्योगिकी जिसके साथ बी ई एल ने गति बनाए रखा है, में की गई उन्नति को प्रतिबिंबित करता है। 1956 में कुछेक संचार उपस्करों के निर्माण के साथ प्रारंभ करते हुए, बी ई एल ने 1961 में रिसीविंग वाल्व, 1962 में जर्मेनियम सेमीकंडक्टर और 1964 में आकाशवाणी के लिए रेडियो ट्रांसमीटर बनाना प्रारंभ किए।
